भारत इंफो, नई दिल्ली
दिवाली से पहले राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण ने चिंताजनक रूप ले लिया है। मंगलवार सुबह दिल्ली का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 451 तक पहुंच गया। इसके साथ ही राजधानी के कई इलाकों में हवा की गुणवत्ता गंभीर (Severe) श्रेणी में दर्ज की गई। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के आंकड़ों के अनुसार, रोहिणी में AQI 429, पंजाबी बाग में 424 और बवाना में 408 दर्ज किया गया। इन तीनों इलाकों में प्रदूषण का स्तर गंभीर श्रेणी में रहा।
वहीं, पटपड़गंज में AQI 379, आरके पुरम में 374, ITO में 373, जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में 355, ओखला फेज-2 और चांदनी चौक में 352 तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में 328 दर्ज किया गया। ये इलाके बेहद खराब (Very Poor) श्रेणी में रहे।
NCR में GRAP का दूसरा चरण लागू
बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने सोमवार को पूरे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) का दूसरा चरण लागू कर दिया। इसके तहत दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के संबंधित अधिकारियों को प्रदूषण नियंत्रण के उपाय तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। इन उपायों में प्रमुख सड़कों पर मशीनों से सफाई, पानी का छिड़काव, धूल नियंत्रण और प्रदूषण हॉटस्पॉट के साथ निर्माण स्थलों की निगरानी बढ़ाना शामिल है। दिल्ली पुलिस ने भी गाजीपुर बॉर्डर पर वाहनों की जांच शुरू की है।
दिवाली के नजदीक आने के साथ प्रदूषण बढ़ने की आशंका ने प्रशासन और आम लोगों की चिंता बढ़ा दी है। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और सांस संबंधी समस्याओं से जूझ रहे लोगों के लिए यह स्थिति अधिक जोखिमपूर्ण हो सकती है।