गदरी बाबाओं और स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि भेंट की; कमेटी सदस्यों और मेले में पहुंचे लोगों से की मुलाकात
भारत इंफो, जालंधर
पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीपीसीसी) के अध्यक्ष एवं विधायक परगट सिंह ने आज देश भगत यादगार हॉल में आयोजित ‘मेला गदरी बाबेयां दा’ में शिरकत की और गदरी बाबाओं तथा देश की आजादी के लिए संघर्ष करने वाले स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस अवसर पर परगट सिंह ने मेले में लगे विभिन्न पुस्तक स्टॉलों का दौरा किया। उन्होंने अलग-अलग विषयों की किताबें देखीं और कुछ पुस्तकें खरीदकर साहित्य के प्रति अपनी रुचि भी जाहिर की। पुस्तक स्टॉलों पर लोगों, विशेषकर युवाओं और बच्चों की भारी भीड़ देखकर उन्होंने खुशी जताई। उन्होंने कहा कि ऐसे मेले साहित्य और सांस्कृतिक विरासत को जीवित रखने के लिए बेहद जरूरी हैं। पुस्तक स्टॉलों पर उमड़ी भीड़ इस बात का प्रमाण है कि आज भी लोग अच्छे साहित्य की तलाश में ऐसे आयोजनों तक पहुंचते हैं, किताबें खरीदते हैं और अपने ज्ञान में वृद्धि करते हैं। नई पीढ़ी के बच्चों और युवाओं का पुस्तकों के प्रति आकर्षण विशेष रूप से उत्साहजनक है। यह साहित्यिक चेतना को आगे बढ़ाने का सकारात्मक संकेत है।
परगट सिंह ने देश भगत यादगार हॉल की प्रबंधक कमेटी के सदस्यों से भी मुलाकात की और उनके साथ समय बिताते हुए मेले के आयोजन, इसकी गतिविधियों और ऐतिहासिक महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी हासिल की। उन्होंने मेले के पंडाल में आम लोगों से मुलाकात की, उनके साथ बातचीत की और आयोजन के विभिन्न पक्षों को करीब से देखा।
उन्होंने कहा कि वह पहले भी इस मेले में आते रहे हैं और यहां पहुंचकर उन्हें हमेशा खुशी और एक विशेष एहसास होता है। गदरी बाबाओं की कुर्बानियों, उनके विचारों और देशभक्ति की विरासत से जुड़ना हर भारतीय के लिए गर्व की बात है। उन्होंने भविष्य में भी इस मेले का हिस्सा बनते रहने की इच्छा जताई। इस दौरान मेले में पहुंचे लोगों ने भी परगट सिंह के साथ तस्वीरें और सेल्फी लीं। उन्होंने कहा कि बब्बर अकाली लहर को समर्पित यह मेला देश-विदेश से पहुंचे लोगों को गदरी बाबाओं के संघर्ष और बलिदान को याद करने का अवसर देता है। ऐसे आयोजन हमारी ऐतिहासिक विरासत, देशभक्ति और सामाजिक चेतना को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।