भारत इंफो : जालंधर के नेशनल आई अस्पताल के डॉक्टर पीयूष की पत्नी डॉक्टर मीनाक्षी ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली है। इस दर्दनाक घटना के बाद मृतका के परिवार ने डॉक्टर पीयूष पर कई गंभीर और सनसनीखेज आरोप लगाए हैं। मीनाक्षी कपूरथला के एक सरकारी अस्पताल में बतौर डॉक्टर अपनी सेवाएं दे रही थीं। उनकी शादी अक्टूबर 2018 में डॉक्टर पीयूष से हुई थी। मृतका के परिवार का स्पष्ट आरोप है कि मीनाक्षी ने खुदकुशी नहीं की है, बल्कि उसे मरने के लिए मजबूर किया गया है। परिवार ने हत्या की आशंका भी जताई है और कहा है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह साफ हो सकेगी।
अवैध संबंध और घरेलू हिंसा का शिकार
मृतका के पिता प्रमोद और उनकी मां ने दामाद पर प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं। परिवार के अनुसार, डॉक्टर पीयूष के अपने ही अस्पताल में काम करने वाली एक अन्य युवती के साथ अवैध संबंध थे। जब मीनाक्षी को इस बात का शक हुआ, तो उसने सच्चाई जानने के लिए अस्पताल के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिसमें इन संबंधों की पुष्टि हो गई। परिवार ने यह अहम फुटेज सबूत के तौर पर पुलिस को सौंप दी है। पिता ने बताया कि पीयूष अक्सर उनकी बेटी के साथ बेरहमी से मारपीट करता था और एक बार उसने मीनाक्षी का गला घोंटकर उसे जान से मारने की कोशिश भी की थी। कई बार वह मारपीट करने के बाद फोन करके अपनी गलती मान लेता था।
बिना जानकारी के नाम पर लिया करोड़ों का फर्जी लोन
इस पूरे मामले में एक बड़े आर्थिक फर्जीवाड़े का भी खुलासा हुआ है। परिवार का कहना है कि डॉक्टर पीयूष ने मीनाक्षी के नाम पर धोखाधड़ी से करोड़ों रुपए का लोन लिया था। शादी के बाद ली गई थार गाड़ी की किश्तें भी मीनाक्षी अपनी ही सैलरी से चुका रही थी। अस्पताल और गाड़ी के नाम पर पहले 45 लाख का लोन लिया गया था। मीनाक्षी जुलाई 2025 से अपने पति से अलग रह रही थी। जब जून 2026 में वह अपने लिए एक नया मकान खरीदने की योजना बनाकर बैंक पहुंची, तो उसके पैरों तले जमीन खिसक गई। बैंक से उसे पता चला कि उसके नाम पर ढाई करोड़ रुपए का भारी-भरकम लोन चल रहा है, जबकि उन कागजातों पर उसके हस्ताक्षर तक नहीं थे।
तलाक की चल रही थी तैयारी, परिवार ने मांगी गिरफ्तारी
लगातार हो रही शारीरिक प्रताड़ना और धोखे से तंग आकर मीनाक्षी अब अपने पति से हमेशा के लिए अलग होना चाहती थी। पिता प्रमोद ने बताया कि उन्होंने अपनी बेटी को ढांढस बंधाया था कि वे कोर्ट के जरिए उसका तलाक करवा देंगे। लेकिन इसी बीच करोड़ों के फर्जी लोन की जानकारी मिलने से वह बुरी तरह टूट गई और भारी मानसिक तनाव में आ गई। अब मृतका के परिवार ने पुलिस प्रशासन से सख्त मांग की है कि आरोपी डॉक्टर पीयूष को तुरंत गिरफ्तार किया जाए और उनकी बेटी को न्याय दिलाया जाए।