भारत इंफो : जालंधर में पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के मोर्चे पर एक बड़ी सफलता हासिल करने का दावा किया है। शहर के जमशेर इलाके से पुलिस ने एक संदिग्ध को काबू किया है, जिसकी पहचान नवांशहर के बंगा निवासी दविंदर के रूप में हुई है। पुलिस का दावा है कि यह गिरफ्तारी पंजाब में होने वाले संभावित धमाकों और ग्रेनेड हमलों की कड़ियों को जोड़ने में अहम साबित होगी।
BSF हेडक्वार्टर धमाके में पुलिस को मिली सफलता
बीते दिनों जालंधर में बीएसएफ पंजाब हेडक्वार्टर के बाहर हुए रहस्यमयी धमाके के बाद से ही जांच एजेंसियां हाई अलर्ट पर थीं। पुलिस इस मामले की गहराई से छानबीन कर रही थी, जिसके दौरान जमशेर इलाके में दबिश दी गई और दविंदर पुलिस के हत्थे चढ़ गया। शुरुआती पूछताछ में यह बात सामने आई है कि पकड़े गए आरोपी के तार सीधे तौर पर सीमा पार बैठे आकाओं से जुड़े हो सकते हैं।
ISI का सीधा कनेक्शन आया सामने
जांच एजेंसियों की पूछताछ में आरोपी दविंदर ने कबूल किया है कि वह पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) के सीधे संपर्क में था। उसने खुलासा किया कि पाकिस्तान से ड्रोन के माध्यम से विस्फोटक सामग्री और ग्रेनेड पंजाब की सीमा में भेजे जाते थे, जिन्हें रिसीव करने के बाद वह आगे सप्लाई करता था। वह पहले भी कई बार ग्रेनेड की डिलीवरी कर चुका है।
केवल ‘डिलीवरी’ का दावा और टारगेट से अनभिज्ञता
पूछताछ के दौरान दविंदर ने एक दिलचस्प पहलू यह रखा है कि वह केवल एक सप्लायर के तौर पर काम कर रहा था। उसका दावा है कि उसे सीमा पार से केवल विस्फोटक सामग्री प्राप्त करने और उसे निर्दिष्ट स्थान पर पहुंचाने के निर्देश मिलते थे। उसे यह जानकारी नहीं दी जाती थी कि इन धमाकों का असली टारगेट क्या है या इन्हें कहां अंजाम दिया जाना है।