भारत इंफो : सोमवार की सुबह हरियाणा के कई जिलों के लिए हलचल भरी रही, जब सुबह करीब 7 बजकर 1 मिनट पर भूकंप के हल्के झटके महसूस किए गए। विशेष रूप से गुरुग्राम और रेवाड़ी जैसे क्षेत्रों में लोगों ने अपने घरों के पंखे और अन्य सामान हिलते हुए देखे। हालांकि झटके बहुत तेज नहीं थे, लेकिन एहतियात के तौर पर कई लोग तुरंत अपने घरों और इमारतों से बाहर खुले मैदान की ओर निकल आए। राहत की बात यह रही कि भूकंप की तीव्रता कम होने के कारण अभी तक राज्य के किसी भी हिस्से से जान-माल के नुकसान या किसी बड़ी क्षति की सूचना प्राप्त नहीं हुई है।
भूकंप का केंद्र और तकनीकी विवरण
नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी (NCS) द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक, इस भूकंप का मुख्य केंद्र हरियाणा का रेवाड़ी जिला था। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 2.8 मापी गई है, जो कि हल्के भूकंप की श्रेणी में आता है। वैज्ञानिक दृष्टि से यह भूकंप जमीन के अंदर करीब 5 किलोमीटर की गहराई में उत्पन्न हुआ था। कम गहराई पर केंद्र होने के बावजूद इसकी कम तीव्रता ने बड़े खतरे को टाल दिया। स्थानीय प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है और लोगों से शांत रहने की अपील की जा रही है।
आखिर क्यों कांपती है धरती?
भू-वैज्ञानिकों और विशेषज्ञों के अनुसार, हमारी धरती की सतह मुख्य रूप से सात बड़ी और कई छोटी टेक्टोनिक प्लेट्स से मिलकर बनी है। ये प्लेट्स पृथ्वी के अंदरूनी हिस्सों में लगातार धीमी गति से खिसकती रहती हैं। इस प्रक्रिया के दौरान कई बार ये प्लेट्स आपस में टकरा जाती हैं या एक-दूसरे के ऊपर दबाव बनाती हैं। जब इन प्लेट्स पर तनाव अपनी चरम सीमा को पार कर जाता है, तो वे अचानक टूटने या तेजी से खिसकने लगती हैं। इसी घर्षण से जमीन के अंदर जमा ऊर्जा तरंगों के रूप में बाहर निकलती है, जिसे हम भूकंप के झटकों के रूप में महसूस करते हैं।