भारत इंफो : जालंधर में श्री कष्ट निवारण बालाजी मंदिर कमेटी द्वारा आयोजित होने वाले ‘बालाजी की चौकी’ कार्यक्रम को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। बुधवार शाम को पुलिस ने साईं दास स्कूल ग्राउंड में चल रही तैयारियों को बीच में ही रुकवा दिया। पुलिस प्रशासन ने कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर टेंट, लाइट और डेकोरेशन का काम बंद करवा दिया। गौरतलब है कि इस धार्मिक समागम में सुप्रसिद्ध भजन गायक कन्हैया मित्तल शिरकत करने वाले हैं, जिसके चलते बड़े स्तर पर तैयारियां की जा रही थीं।
विधायक रमन अरोड़ा ने वापस की सरकारी सुरक्षा

पुलिस की इस कार्रवाई से नाराज होकर स्थानीय विधायक रमन अरोड़ा ने विरोध स्वरूप अपनी पूरी सरकारी सुरक्षा वापस कर दी है। विधायक ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि जो पुलिस भगवान बालाजी के पवित्र कार्यक्रम को रोकने का काम कर रही है, वे उस पुलिस को अपने साथ नहीं रखना चाहते।
शीतल अंगुराल का सरकार पर हमला
मामले की भनक लगते ही भाजपा नेता शीतल अंगुराल और मंदिर कमेटी के सदस्य भारी संख्या में मौके पर पहुंच गए। उन्होंने पंजाब सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए जमकर नारेबाजी की। शीतल अंगुराल ने सीधे तौर पर आरोप लगाया कि पुलिस अपने चहेते नेताओं को खुश करने के लिए जानबूझकर हिंदुओं के कार्यक्रम को निशाना बना रही है।
उन्होंने कहा कि यदि हिंदू इस अन्याय के खिलाफ एकजुट होकर आवाज नहीं उठाएंगे, तो वे हिंदू कहलाने के लायक नहीं हैं। वहीं, मंदिर कमेटी ने दोटूक शब्दों में कहा है कि अगर प्रशासन ने मैदान में कार्यक्रम की इजाजत नहीं दी, तो वे सड़क पर ही कीर्तन का आयोजन करेंगे।
साईं दास स्कूल के बाहर सड़क पर धरना शुरू
विवाद बढ़ने के बाद गुरुवार सुबह भाजपा नेताओं और स्थानीय निवासियों ने साईं दास स्कूल ग्राउंड के बाहर मुख्य सड़क पर धरना लगा दिया है, जिससे इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है। दूसरी ओर, इस पूरे मामले पर प्रशासनिक पक्ष रखते हुए एडीसीपी-1 (ADCP-1) आकृषि जैन ने स्पष्ट किया है कि कार्यक्रम को रोकने के पीछे कोई दुर्भावना नहीं है। मंदिर कमेटी के पास इस बड़े आयोजन को करने की आधिकारिक अनुमति (परमिशन) नहीं थी, इसी वजह से नियमानुसार इस पर रोक लगाई गई है।