भारत इंफो : भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व स्पिनर और राज्यसभा सांसद हरभजन सिंह की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। हालिया राजनीतिक घटनाक्रम के बाद सरकार ने उनकी सुरक्षा में बड़ी कटौती करने का फैसला किया है। जानकारी के अनुसार, हरभजन सिंह को अब तक मिली हुई Z+ श्रेणी की सुरक्षा वापस ले ली गई है। इस बदलाव के तहत उनके काफिले से 4 कमांडो, 5 पुलिसकर्मी और एक सुरक्षा वाहन को तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है। सुरक्षा में आई इस अचानक कमी को लेकर फिलहाल हरभजन सिंह की ओर से कोई आधिकारिक बयान या प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
राजनीतिक उथल-पुथल और बगावत
यह घटनाक्रम तब सामने आया है जब आम आदमी पार्टी के भीतर बड़ी बगावत की खबरें गर्म हैं। हाल ही में राघव चड्ढा समेत तीन राज्यसभा सदस्यों के भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने की खबर ने राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मचा दिया है। राघव चड्ढा ने दावा किया है कि हरभजन सिंह सहित कुल सात राज्यसभा सदस्यों ने आम आदमी पार्टी का साथ छोड़ दिया है। इस दावे के बाद से ही पार्टी के भीतर और बाहर भारी तनाव का माहौल बना हुआ है, जिसका सीधा असर अब इन नेताओं की सुरक्षा और उनकी राजनीतिक स्थिति पर पड़ता दिख रहा है।
कार्यकर्ताओं का फूटा गुस्सा
बगावत की खबरों से नाराज आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर उतरकर जबरदस्त विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया है। बीते दिन जालंधर में अशोक मित्तल की लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के मुख्य द्वार और हरभजन सिंह के आवास के बाहर भारी रोष देखा गया। प्रदर्शनकारियों ने उनके घर की दीवारों के बाहर ‘गद्दार’ शब्द लिखकर अपना विरोध दर्ज कराया और दोनों नेताओं के पुतले फूँके। कार्यकर्ताओं का आरोप है कि इन नेताओं ने पार्टी और जनता के भरोसे के साथ विश्वासघात किया है। फिलहाल स्थिति को देखते हुए पुलिस प्रशासन भी मुस्तैद नजर आ रहा है।